मंदसौर। भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश दिक्षित एवं कांग्रेस जिलाध्यक्ष महेन्द्रसिंह गुर्जर की उपस्थिति मे ब्राह्मण समाज और सर्व समाज ने गुरूवार को गांधी चौराहा मंदसौर पर केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह भारत सरकार नई दिल्ली, मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव मध्य प्रदेश सरकार भोपाल के नाम अनुविभागीय अधिकारी मंदसौर शिवलाल शाक्य को एक ज्ञापन सौपा गया।
ज्ञापन मे मांग की गई की भानपुरा पीठ के शंकराचार्य को भारत सरकार व राज्य सरकार के द्वारा राजकीय अतिथि का दर्जा जो पूर्व में था वो दिया जाए, उनके के साथ हो रहे अन्याय और साजिश का पर्दाफाश किया जावे।
भानपुरा पीठ के शंकराचार्य को पुर्व की भांती सुविधा मिले। जैसा कि सभी को विदित है मंदसौर जिले के भानपुरा नगर में आद्यशंकराचार्य परंपरा की अवांतर पीठ प्रतिष्ठापित हैं और वर्तमान में यहां के गादीपति शंकराचार्य पूज्य स्वामी श्रीजाना नन्द तीर्थ हैं, जिन्हें आश्रम मठ की कृषि भूमि को कूट रचना कर विक्रय की साजिश के खिलाफ न्यायालय के दरवाजे खटखटाने पड़े हैं, और लगातार उनके शंकराचार्य पद पर आसीन होने के बाद अवांछित तत्व उन पर जानलेवा हमला कर चुके हैं. शंकराचार्य जी द्वारा स्वयं अपनी जान को खतरा होने का अनेकों बार सभी को संकेत किया है। शासन प्रशासन को दर्जनों पत्र पूज्यश्री एवं अन्य भक्त मंडल द्वारा दिए गए किन्तु कोई कार्यवाही नहीं की गई। इन कारणों से मंदसौर और आसपास के क्षेत्र के ब्राहमण और सर्व समाज में गहरा रोष व्याप्त है और सभी की भावना विचलित है। इसी मुद्दे पर ब्राह्मण और सनातन परंपरा के सर्व समाज के द्वारा यह ज्ञापन सौंपा जा रहा है, हमारी मांग है कि फर्जी रजिस्ट्री मामले का निराकरण हो और पूज्य शंकराचार्य को तुरंत राजकीय अतिथि का सम्मान देकर सुरक्षा व्यवस्था भी प्रदान की जाए। ब्राह्मण और सर्व समाज के सभी महानुभाव युवा और मात्र शक्ति मांग करती है कि तत्काल फर्जी रजिस्ट्री प्रकरण का निराकरण कर दोषियों पर कड़ी कार्यवाही की जाए। शंकराचार्य पूज्य पाद श्रीज्ञाना नन्द तीर्थ को राजकीय अतिथि का सम्मान जो पूर्व में गृह मंत्रालय भारत सरकार ने 2 अगस्त 1989 गृह मंत्रालय का प्रत्र कंमाक 1825/89/ एच एम पी प्रदान करें।
एसडीएम को ज्ञापन सौपतें समय ब्राह्मण समाज और सर्व समाज के सज्जन मौजुद थे।
