पत्रकार ने भृष्टाचार के आरोप लगाते हुए मंदसौर मे लोटन यात्रा निकाली -नगर परिषद मल्हारगढ ने वार्ड क्रमांक 6 कुम्हारी रोड CC नाला निर्माण कर ठेकेदार को 4763957.5 लाख रुपये का भुगतान किया गया, इस भृष्टाचार की निष्पक्ष जांच नही हो रही।
मंदसौर। मध्यप्रदेश, मंदसौर जिला के मल्हारगढ़ नगर परिषद् द्वारा किये गये निमार्ण कार्यो की षिायत के बाद भी जांच नही होने ओर ठेकेदार को भुगतान करने की पुनःशिकयत को लेकर आज मंगलवार को मलहारगढ़ नगर के पत्रकार गोलाल मालेचा ने जिला मुख्यालय मंदसौर के गांधी चौराहा से कलेक्क्टर कार्यालय तक लोटल यात्रा कर निष्पक्ष कार्यावाही करने की मांग की गई। श्री मालेचा ले आरोप लगाया की भृष्टाचार की निष्पक्ष जांच नही हो रही।
नगर परिषद मल्हारगढ ने ठेकेदार से सांठगांठ कर ठेकेदार को आर्थिक लाभ देने के लिए नगर परिषद की सीमा से बाहर खसरा नंबर 413 (s), 345(s), 351(s) पर प्रोजेक्ट नंबर PW1-264-22-010 से 5621469.8 रुपये से वार्ड क्रमांक 6 कुम्हारी रोड CC नाला निर्माण करवा दिया। जिसका GST काटकर 4763957.5 लाख रुपये का भुगतान ठेकेदार को किया गया ।
नाला निर्माण नगर परिषद सिमा से बाहर होकर मुख्यमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अंतर्गत आता है। यह नाला निर्माण जो ग्रामीण सड़क बनी है उसके दोनों ओर किया गया । जिस सड़क को रिकार्ड के आधार पर NH79 से कुम्हारी गांव तक के नाम से जाना जाता है। यह सड़क 44.75 लाख रुपये की अनुमानित लागत से ग्रेवल मार्ग का डामरीकरण का कार्य किया गया था। जिसे मध्यप्रदेश शासन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा अंकिता कंट्रक्शन के. निम्बाहेडा राजस्थान को ठेका देकर निर्माण करवाया गया था। जिसकी लंबाई 2.01 किलोमीटर है। जिन खसरा नम्बरो पर नाला निर्माण किया गया है वो खसरा नंबर शासकीय होकर 11 मई 1972 की नगरीय निकाय अधिसूचना के खसरा नम्बरो की सिमा से बाहर है (सलग्न फोटोप्रति अधिसूचना की) जिन्हें नगरीय सिमा में आज भी नहीं लिया गया जितने भी खसरा नम्बरो में cc नाला निकाला गया है सभी नगरीय सीमा से बाहर है।
नाला निर्माण में घटिया ओर गुणवत्तापूर्ण न होने पर नगर के पार्षदों ने भी दिनांक 5 मार्च 2024 को ठेकेदार की विरुद्ध शिकायत दर्ज करवाई थी जिसमे ठेकेदार द्वारा शासन के पैसो का दुरुपयोग ओर सिर्फ खानापूर्ति का आरोप लगाए थे। जिस पर कार्यवाही करते हुए तत्कालीन सीएमओ श्रीमती आरती गरवाल ने दिनांक 6 मार्च 2024 को उपयंत्री भावेश गगरानी ओर ठेकेदार सांवरे कंट्रक्शन मल्हारगढ को सूचना पत्र जारी किए थे। सूचनापत्र जारी होने के दो दिन बाद ही सीएमओ श्रीमती आरती गरवाल का ट्रांसफर कर दिया गया ओर अपने मनपसंद सीएमओ राजेश गुप्ता को मल्हारगढ नगर परिषद की कमान सौपी गई ताकि घटिया निर्माण और कागजो की हेराफेरी चलती रहे ।
ठेकेदार द्वारा जो घटिया निर्माण उसे बने केवल 3 महीने में ही हुए है और टूट गया। नगर परिषद के घटिया निर्माण की पोल पहली ही बारिश में खुल गई। ओपन नाले की जगह कई जगह पर cc नाले को पैक भी कर दिया है जिसे बारिश और अन्य सफाई के दिनों में सफाई नही हो पाएगी। गुणवत्तापूर्ण cc नाले निर्माण नही होने से कुछ समय मे ही cc नाला कई जगहों से क्रेक भी हो गया ।
नाला निर्माण वार्ड क्रमांक 12 में सीसी निर्माण व टिंचिंग ग्राउंड पर किये गए निर्माण की शिकायत भी अनुविभागीय महोदय को भी की गई थी जिस पर कोई कार्यवाही नहीं हुई ।
नगर परिषद मल्हारगढ़ पर लगाए गए भ्रष्टाचार के आरोप बेबुनियाद और निराधार : सीएमओ मल्हारगढ़
मंदसौर 29 जुलाई 25/ मुख्य नगरपालिका अधिकारी नगर परिषद मल्हारगढ़ द्वारा बताया गया कि पत्रकार गोपाल मालेचा द्वारा नगर परिषद मल्हारगढ़ में भ्रष्टाचार को लेकर गांधी चौराहे से लोटन लगाई गई हैं। इस संबंध में जनसामान्य की जानकारी के लिये अवगत कराया जाता हैं कि नगर परिषद मल्हारगढ़ में जो निर्माण कार्य प्रचलित हैं, वह नियमानुसार परिषद स्वीकृति व गुणवत्तापूर्वक किये जा रहे हैं। पूर्व में भी इनकी शिकायत पर अपर कलेक्टर मंदसौर द्वारा जाँच दल गठित किया गया है, जिसमें जॉच प्रचलित हैं। शिकायतकर्ता द्वारा नगर परिषद की छवि खराब करने के लिये निराधार, बेबुनियाद आरोप लगाये जा रहे हैं।