ब्रेकिंग
अवैध शराब के साथ आरोपी गिरफ्तार, मंदसौर कोतवाली पुलिस ने 18 क्वार्टर देशी शराब जब्त मध्यप्रदेश ने आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए द... एमडी तस्करी मामले में बाबू सिंधी गिरफ्तार, अब तक 7 आरोपी सलाखों के पीछे, नये के विरूद्ध कोतवाली पुलि... मध्यप्रदेश विधानसभा कार्य मंत्रणा समिति की बैठक संपन्न, विधानसभा अध्यक्ष से शिष्टाचार भेंट, आगामी वि... मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में भीषण हादसा: सेल्फी लेते समय ट्रक ने छह दोस्तों को कुचला, सभी की मौ... गधों को खिलाए गुलाब जामुन, अगले दिन भोपाल में हुई बारिश; मानसून मनाने की लोक मान्यता फिर चर्चा में मंदसौर कोतवाली पुलिस की कार्रवाईः तीन आरोपियों से धारदार छुरे जब्त, आर्म्स एक्ट में प्रकरण दर्ज श्री पशुपतिनाथ मंदिर का महाघंटा खामोश, फिर गूंज सुनने को भक्तों में बढ़ रही लालसा, मंदिर प्रबंध समिति... भानपुरा में अमानक खाद बेचने पर मामला दर्ज, गुजरात कि सुप्रीम कामधेनु फर्टिलाइजर प्राइवेट लिमिटेड कम्... फरार अरमान सुरजनी गिरफ्तार, इंदौर क्राइम ब्रांच द्वारा पूर्व में चार पकड़ेगें जा चुके

इंदौर मे रिकॉर्ड वोटों से जीतने वाले विधायक के क्षेत्र में जल संकट, ‘पानी दो’ के नारों से गूंजा विधानसभा-2, दूषित पानी और टैंकरों पर निर्भरता से जनता परेशान, भीषण गर्मी में स्वच्छ पेयजल की मांग को लेकर सड़को पर आऐ रहवासी

इंदौर। विधानसभा क्षेत्र क्रमांक-2 में पानी की किल्लत और दूषित जलापूर्ति को लेकर जनता का गुस्सा सड़कों पर दिखाई देने लगा है। लगातार चार बार भारी मतों से निर्वाचित विधायक रमेश मेंदोला के क्षेत्र में नागरिकों को आज भी मूलभूत सुविधा के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के बीच कई इलाकों में लोग स्वच्छ पेयजल के लिए परेशान हैं और “पानी दो” के नारों के साथ विरोध दर्ज करा रहे हैं।

लाहूजी नगर, भागीरथपुरा सहित कई क्षेत्रों में दूषित पानी की शिकायतों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। रहवासियों का आरोप है कि नियमित जलापूर्ति नहीं होने से उन्हें टैंकरों पर निर्भर रहना पड़ रहा है, जिससे दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है। लोगों का कहना है कि वर्षों से जनप्रतिनिधियों को समर्थन देने के बावजूद जल समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।

बढ़ते जल संकट को देखते हुए विधायक रमेश मेंदोला, महापौर पुष्यमित्र भार्गव और नगर निगम अधिकारियों ने आपात बैठक कर प्रभावित क्षेत्रों में अतिरिक्त टैंकर भेजने और जलापूर्ति व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए हैं। हालांकि नागरिकों का कहना है कि अस्थायी उपायों के बजाय पाइपलाइन विस्तार और स्वच्छ पेयजल की स्थायी व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए।

जनता का मानना है कि विकास के बड़े दावों के बीच यदि लोगों को पानी जैसी बुनियादी जरूरत के लिए आंदोलन करना पड़े, तो यह प्रशासन और जनप्रतिनिधियों दोनों के लिए गंभीर चेतावनी है। जल संकट को लेकर बढ़ता जनाक्रोश अब राजनीतिक और प्रशासनिक जवाबदेही का बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है।

निगम के टैंकरों से मुफ्त सप्लाई

नगर निगम का कहना है कि भूजल स्तर गिरने और आधे से ज्यादा बोरिंग सूखने के कारण संकट बढ़ा है। इससे निपटने के लिए नर्मदा परियोजना की टंकियों से सप्लाई के साथ-साथ 616 किराए के और 79 नगर निगम के टैंकरों से निशुल्क पानी वितरित किया जा रहा है।

नगर निगम ने लोगों से अपील की है कि यदि कोई ड्राइवर, क्लीनर या अन्य व्यक्ति पानी के बदले पैसे मांगता है, तो इसकी शिकायत 9244998811, कंट्रोल रूम नंबर 8889855520 या 311 ऐप पर करें।

Leave A Reply

Your email address will not be published.