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आशा-उषा कार्यकर्ताओं का मानदेय अब 2 हजार की जगह 6 हजार रुपए होगा। 5 लाख का रुपए का हेल्थ इश्योरेंस भी दिया जाएगा।

भोपाल। लम्बे समय से अपनी मांगो को लेकर आशा-उषा कार्यकर्ताओं धरना, रैली, प्रदर्शन के बाद शनिवार की महापंचायत में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कई घोषणाएं की। उन्होंने कहा कि आशा-उषा कार्यकर्ताओं का मानदेय अब 2 हजार की जगह 6 हजार रुपए होगा। 5 लाख का रुपए का हेल्थ इश्योरेंस भी दिया जाएगा। इसके साथ ही 6 हजार रुपए के मानदेय में हर साल 1 हजार रुपए बढ़ाया जाएगा। ताकि बहनों को कोई दिक्कत नहीं हो।
शनिवार को लाल परेड ग्राउंड पर आयोजित आशा-उषा कार्यकर्ताओं की महापंचायत को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि एसीएस यहां बैठे हैं मैं इनको यहां निर्देश देता हूं कि इंटेंसिव की प्रक्रिया को सरल किया जाए। इसे जिला स्तर पर नहीं बल्कि ब्लॉक स्तर पर ही किया जाए। क्योंकि जितनी मेहनत यह करती है उसका परिश्रम ढंग से मिले। वहीं रिटायरमेंट के बाद एक लाख रुपए दिए जाएं ताकि वह अपने भावी जीवन के लिए परेशान न हों।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि मानवीयता के नाते अब ऐसी व्यवस्था बनाएंगे कि आशा-उषा कार्यक्रताओं को आकस्मिक अवकाश की सुविधा हो। आकस्मिक अवकाश जल्द ही सुनिश्चित हो जाएगा। इसके अलावा सभी आशा ऊषा बहनों को लाड़ली बहना योजना में भी शामिल किया जाएगा। वहीं बहनों को 5 लाख रुपए का दुर्घटना और स्वास्थ बीमा की भी सुविधा दी जाएगी। जिससे की उनको बीमारी और परिवार के सुख दुख में कोई दिक्कत न हो। वहीं आशा बहनें और पर्यवेक्षकों की सेवानिवृत्ति 60 साल से बढ़ाकर 62 साल में की जाएगी ताकि वह स्वस्थ रहकर और बेहतर काम कर सके।

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