ब्रेकिंग
मंदसौर जिले में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस कार्रवाई; दो महिलाओं सहित छः आरोपी कपड़ाएं, सड़क हादसे में यु... दशहरा पर रावण की पूजा होगी, मंदसौर रावण की पत्नी मंदोदरी का मायका, दामाद मानकर महिलाएं करती हैं घूं... विजयादशमी पर्व-शस्त्र-पूजन सुरक्षा और स्वतंत्रता के प्रति सम्मान का प्रतीक: मुख्यमंत्री डॉ. यादव / प... अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर 5 राउंड फायरिंग वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद, 3 अज्ञात आरोपियों के ख... मंदसौर जिले में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई, छह मामलों में शराब जब्त; चाकूबाजी के मामले में... ग्वालियर हादसे में बड़ी कार्रवाईः CSP हटाए गए, 3 थाना प्रभारी समेत 8 पुलिसकर्मी निलंबित मंदसौर में अवैध शराब पर शिकंजे की तैयारी, पिछले माह कलेक्टर के दो पत्रों से प्रशासन सक्रिय, 8 आबकारी... मंदसौर जिले में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई, पांच थाना क्षेत्रों में 6 प्रकरण दर्ज मंदसौरः मलेरिया के बढ़ते मामलों पर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट, 643 घरों का सर्वे; 28 लोग मिले पॉजिटिव दुर्गा अष्टमी 2026ः 19 अक्टूबर को मनाई जाएगी महाष्टमी, जानें तिथि और शुभ मुहूर्त

MP-चुनाव हारने के बाद अब पूर्व मंत्री और विधायक लोकसभा चुनाव लडऩे की अपनी संभावनाएं तलाश रहे…

भोपाल। मध्य प्रदेश भाजपा केंद्र सरकार की योजनाओं के हितग्राहियों को साधने पूरा फोकस लगा रही है। वहीं पूर्व मंत्री और विधायक चुनाव हारने के बाद अब लोकसभा चुनाव लडऩे की अपनी संभावनाएं तलाश रहे। पार्टी सूत्रों के अनुसार लोकसभा चुनाव में पार्टी आधे नए चेहरों को मैदान में उतारेगी। भाजपा इसके लिए एक-एक सीट पर प्रत्याशी के चयन के लिए जातिगत समीकरण बैठाया जा सकता है।
भाजपा ने 2019 में प्रदेश में लोकसभा की 28 सीटों पर जीत दर्ज की थी। भाजपा ने 2024 के लिए 29 में से 29 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा है। इसलिए भाजपा करीब आधे सांसदों के टिकट काट सकती है। दरअसल, भाजपा की रणनीति नए और युवा चेहरों को मैदान में उतारने की है। जानकारी के अनुसार भाजपा ने सभी सीटों पर अपनी रायशुमारी कर ली है।
जानकारों का कहना है कि पांच सीटों पर नए चेहरों को ही पार्टी का चुनाव लड़ाएंगे।
विधानसभा चुनाव हारे नेता भी कर रहे लोकसभा की दावेदारी
सुत्रों की माने तो विधानसभा चुनाव में हारे मंत्री और विधायकों के नाम पर भी चर्चा चल रही है। इसमें पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा का नाम मुरैना और ग्वालियर, यशपाल सिंह सिसोदिया मंदसौर, इमरतीदेवी भिंड, रामपाल सिंह विदिशा से टिकट के लिए प्रयसास कर रहे हैं।
बता दें पिछली बार उज्जैन से सांसद अनिल फिरोजिया 2018 में तराना से विधानसभा का चुनाव हार गए थे। इसके बाद उनको पार्टी ने लोकसभा चुनाव में उतार दिया और उन्होंने बड़ी जीत दर्ज की। यही, वजह है कि कई पूर्व मंत्री और विधायक चुनाव हारने के बाद अब लोकसभा चुनाव लडऩे की अपनी संभावनाएं तलाश रहे हैं।

Leave A Reply

Your email address will not be published.