मध्यप्रदेश पर्यटन दिवस पर विशेष- जनवरी 2023 से दिसंबर 2023 तक के आंकड़े
पहली बार प्री-कोविड संख्या को किया पार
मंदसौर जिले में धमनार पहुंचे 35685 पर्यटक
’उज्जैन में सबसे ज्यादा 5 करोड़ 28 लाख पर्यटक पहुंचे
भोपाल। ऐतिहासिक धरोहरों, गौरवशाली इतिहास, प्राकृतिक सौंदर्य, विविध वन्यजीव एवं आध्यात्मिक अनुभव के लिये देश-दुनिया में प्रख्यात मध्यप्रदेश ने साल 2023 में 11 करोड़ से ज्यादा पर्यटकों का स्वागत किया, जो अब तक का रिकॉर्ड है। जनवरी 2023 से दिसंबर 2023 तक म.प्र. में 11 करोड़ 21 लाख र्पय़टक पहुंचे, जिनमें विदेशी र्पय़टकों की संख्या 1 लाख 83 हजार रही। 2019 में कोविड प्रतिबंध लागू होने से पहले कुल 8,90,35,097 पर्यटकों का आगमन हुआ था। 2022 में पर्यटकों की संख्या 3,41,38,757 रही थी। प्रदेश में सबसे ज्यादा पर्यटक उज्जैन पहुंचे, जिनकी संख्या 5 करोड़ 28 लाख से ज्यादा रही। इसी तरह प्रदेश के टॉप-10 गंतव्यों में पांच गंतव्य धार्मिक पर्यटन से जुड़े हुए है। उल्लेखनीय है कि 24 मई को मध्यप्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम का स्थापना दिवस है, इसी दिन को मध्यप्रदेश पर्यटन दिवस के रूप में भी मनाया जाता है। प्रमुख सचिव पर्यटन एवं प्रबंध संचालक म.प्र. टूरिज्म बोर्ड शिव शेखर शुक्ला ने बताया कि, पर्यटकों की रिकॉर्ड वृद्धि प्रदेश में बुनियादी ढांचे के विकास, धार्मिक पर्यटन में वृद्धि के साथ ही हमारी अनूठी सांस्कृतिक विरासत को बढ़ावा देने और सभी आगंतुकों के लिए एक यादगार अनुभव सुनिश्चित करने के हमारे ठोस एवं समर्पित प्रयासों का प्रमाण है। अपनी सेवाओं में लगातार सुधार कर और अपने क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता और जीवंत परंपराओं को प्रचारित कर हम सफलतापूर्वक अधिक पर्यटकों को आकर्षित कर रहे हैं। इसका फायदा स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिल रहा है और साथ ही हमारे समुदायों के विकास हेतु स्थायी अवसर सृजित हो रहे है। धार्मिक स्थलों का दबदबा आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश के सर्वश्रेष्ट 10 गंतव्यों में से पांच गंतव्य धार्मिक स्थल उज्जैन, मैहर, चित्रकूट, ओंकारेश्वर और सलकनपुर है। प्रमुख सचिव श्री शुक्ला के मुताबिक कई लोग धार्मिक स्थलों पर जाकर मानसिक शांति और आध्यात्मिक ऊर्जा का अनुभव करते हैं। धार्मिक स्थलों का ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व भी पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। यह स्थल प्राचीन इतिहास, वास्तुकला और संस्कृति का अद्भुत मिश्रण होते हैं। उज्जैन में महाकाल लोक, ओंकारेश्वर में एकात्म धाम जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाओं ने भी प्रदेश में पर्यटकों की संख्या में कई गुना बढ़ाने में मदद की है।