मंदसौर पुलिस की बड़ी कार्रवाई- मादक पदार्थ तस्करी के आरोपी राजू उर्फ राजा मेवाती को एक साल के लिए केंद्रीय जेल इंदौर भेजा
मंदसौर। मध्यप्रदेश, मंदसौर जिला पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए थाना दलौदा क्षेत्र के सोनगीरी निवासी राजू उर्फ राजा पिता वाहिद खां मेवाती (41) के विरुद्ध पीआईटी एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है। उज्जैन संभाग आयुक्त के आदेश के पालन में आरोपी को एक वर्ष की अवधि के लिए केंद्रीय जेल इंदौर में निरुद्ध किया जा रहा है। पुलिस ने यह कार्रवाई मादक पदार्थों की अवैध तस्करी पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से की है।
मंदसौर पुलिस द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार, पुलिस मुख्यालय भोपाल के निर्देश पर जिले में मादक पदार्थ तस्करों एवं माफियाओं के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस अधीक्षक मंदसौर विनोद कुमार मीना ने जिले के सभी थाना प्रभारियों को अवैध मादक पदार्थों के कारोबार में संलिप्त आरोपियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे।
आयुक्त के आदेश पर हुई कार्रवाई
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक टी.एस. बघेल के नेतृत्व, नगर पुलिस अधीक्षक जितेंद्र भास्कर एवं एसडीओपी ग्रामीण मंदसौर के मार्गदर्शन तथा थाना प्रभारी दलौदा उपनिरीक्षक रविंद्र प्रताप डांगी के निर्देशन में आरोपी के विरुद्ध कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। पुलिस के अनुसार, थाना दलौदा पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध पीआईटी एनडीपीएस एक्ट की धारा 3(1) के तहत निरोधात्मक कार्रवाई के लिए प्रतिवेदन तैयार कर पुलिस अधीक्षक के समक्ष प्रस्तुत किया था। इसके बाद जिला दंडाधिकारी मंदसौर के माध्यम से उज्जैन संभाग आयुक्त के समक्ष प्रस्ताव भेजा गया। प्रस्ताव के आधार पर आयुक्त द्वारा आरोपी को एक वर्ष के लिए केंद्रीय जेल इंदौर में निरुद्ध रखने का आदेश जारी किया गया। 16 अक्टूबर 2026 को आदेश के पालन में पुलिस टीम गठित कर कार्रवाई की गई।
नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने का प्रयास
पुलिस के मुताबिक, अवैध मादक पदार्थों की तस्करी से युवाओं और आम नागरिकों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। नशे की लत के कारण सामाजिक और पारिवारिक समस्याएं बढ़ने के साथ ही अन्य अपराधों की आशंका भी बढ़ती है। इसी को ध्यान में रखते हुए जिले में आदतन मादक पदार्थ तस्करों को चिह्नित कर उनके विरुद्ध प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
क्या है पीआईटी एनडीपीएस एक्ट?
पीआईटी एनडीपीएस एक्ट यानी स्वापक औषधि एवं मनःप्रभावी पदार्थों के अवैध व्यापार निवारण अधिनियम, 1988 के तहत निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के अनुसार, अवैध मादक पदार्थों के कारोबार में संलिप्त व्यक्तियों की गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए निवारक निरोध की कार्रवाई की जा सकती है। इसका उद्देश्य अवैध मादक पदार्थों की तस्करी को रोकना और समाज को इसके दुष्प्रभावों से बचाना है।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी दलौदा उपनिरीक्षक रविंद्र प्रताप डांगी, पुलिस अधीक्षक कार्यालय मंदसौर के रीडर सहायक उपनिरीक्षक प्रदीप सिंह तोमर, सहायक उपनिरीक्षक प्रमोद सिंह तोमर, कैलाश बघेल, प्रधान आरक्षक राजेश शर्मा, जितेंद्र त्रिवेदी, यादवेन्द्र सिंह, आरक्षक नितेश मौर्य एवं गजेंद्र सिंह चंद्रावत का सराहनीय योगदान रहा। मंदसौर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध अभियान आगे भी जारी रहेगा तथा ऐसे मामलों में नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।